आज प्रथम विश्व युद्ध में प्रथम भारतीय विक्टोरिया क्रॉस दरवान सिंह नेगी का 136 वां जन्मदिन है इस अवसर पर इस महायोद्धा को विनम्र श्रद्धांजलि ।शौर्य एवं सेवा को सलाम । 5 दिसंबर 1914 को सात समुंदर पार बिट्रेन के सम्राट किंग जॉर्ज पंचम से वी सी साहब ने प्रथम विश्व युद्ध में गढ़वाली शहीद सैनिकों की स्मृति में हरिद्वार करणप्रयाग वारमेमोरियल रेल लाइन निर्माण तथा कर्ण प्रयाग में अंग्रेजी माध्यम का वार मेमोरियल मिडिल स्कूल की स्थापना की मांग की जिसे इसी दिन स्वीकार किया गया प्रथम विश्व युद्ध की समाप्ति से पूर्व 26 अक्टूबर 1918 को कर्ण प्रयाग में वॉर मेमोरियल अंग्रेजी मिडिल स्कूल का उद्धाटन गढ़वाल के डिप्टी कमिश्नर जोसेफ क्ले ने किया फिर उन्हीं की देखरेख में सन 1919 से 1924 तक हरिद्वार कर्ण प्रयाग रेल लाइन का सर्वे भी पूर्ण हुआ था विदेशी धरती में जन्म लेने वाली यह दोनों परियोजनाएं शिक्षा व विकास की आजादी के रूप में देखी जाती हैं रेल परियोजना पर 113 वर्षों बाद पंख लगने की पूर्ण आशा आगामी बर्ष में है देश के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के भगीरथ प्रयास से । प्रधानमंत्री जी से आग्रह है कि वर्ष 2027 में हिमालय उत्तराखंड में गंगा और नंदा के महांकुंभ है ऋषिकेश करणप्रयाग रेल लाइन के जन्मदाता के जन्म दिवस 4 मार्च 2027 को इस ऐतिहासिक वॉर मेमोरियल रेल लाइन का उद्घाटन भी आपके ही कर कमरों से हो इससे हिमालय सचल महाकुंभ श्री नंदादेवी राजजात 2027 ।अगस्त सितंबर । तथा चार धाम के तीर्थ यात्राओं को भी लाभ मिलेगा इसके साथ ही रेल लाइन का नाम वार मेमोरियल रेल लाइन, कर्ण प्रयाग,श्रीनगर और ऋषिकेश के रेलवे स्टेशनों का नाम क्रमशः बी सी दरवान सिंह नेगी स्वामी मन्मथन एवं बी सी गवर सिंह नेगी के नाम पर रखना ,वी सी साहब के पैतृक गांव कफारतीर में सैनिक स्कूल ,पीएम श्री वार मेमोरियल वी सी दरवान सिंह नेगी राजकीय इंटर कॉलेज कर्ण प्रयाग में आदमकद मूर्ति, ऑडिटोरियम, संग्रहालय, वार मेमोरियल रेल लाइन की सुरंगों का नाम प्रथम विश्व युद्ध के गढ़वाली शहीद सैनिकों के नाम रखे जाने का प्रस्ताव किया । कर्ण प्रयाग में रेलवे पब्लिक स्कूल और होलीडे होम खोलने का भी रेल मंत्रालय से आग्रह किया गया हिमालय महाकुंभ श्री नंदादेवी राजजात 2014 के बाद मुझे व्यक्तिगत यात्रा में यूरोप जाने का सौभाग्य मिला लंदन के वार मेमोरियल में भी वी सी दरवान सिंह नेगी का नाम देखने पर अपार खुशी व गौरव की अनुभूति मिली फिर मैंने अपने बेटे की सहायता से प्रथम विश्व युद्ध में वी सी दरवानसिंह नेगी के विषय में विस्तृत जानकारी इकट्ठा की लंदन गजेटियर 7 दिसंबर 1914 की प्रति प्राप्त की वहीं से मैंने इस जानकारी को अपने मित्र श्री विजेन्द्र सिंह रावत नारायणबगड श्री सुशील रावत थराली श्री हरीश पुजारी गोपेश्वर श्री देवीदत
कुनियाल देवाल कर्नल डीएस वर्तवाल गोपेश्वर श्री रवीन्द्र पुजारी श्री वीरपाल सिंह रावत श्री रवी दर्शन तोपाल श्री गोविंद सिंह तोपाल श्री सुभाष गैरोला कर्ण प्रयाग श्री अरविंद मुदगिल पत्रकार पौड़ी आदि तक पहुंचाया । स्वदेश लौटने पर वारमेमोरियल राजकीय इंटर कॉलेज कर्ण प्रयाग की शताब्दी समारोह को वर्ष 2017-18 में आयोजित करने के लिए शताब्दी समारोह समिति श्री हरीश पुजारी एडवोकेट की अध्यक्षता में गठित की गई ।देशभर में वर्ष भर शताब्दी समारोह के आयोजन किए गए ।कर्ण प्रयाग के शताब्दी समारोह में मुख्यमंत्री श्री त्रिवेंद्र सिंह रावत स्वयं पधारे शताब्दी समारोह के बाद कर्नल डीएस वर्तवाल सुदर्शन कठैत श्री रिपुदमन सिंह रावत के साथ मिलकर वी सी दरवान सिंह नेगी जी के गांव में वी सी दरवान सिंह नेगी शौर्य महोत्सव का प्रथम आयोजन 2019 में बी साहब के शौर्य दिवस 23 नवम्वर 1914 की स्मृति में दिनांक 23 से 25 नवंबर 2019 तक किया गया इसमें मुख्यमंत्री भी पधारे थे उन्होंने इसे राजकीय मेला घोषित कर प्रतिवर्ष 5 लाख रुपया अनुदान देने की घोषणा की जो आज तक नियमित है श्री लखपतसिंह नेगी की अध्यक्षता में शौर्य महोत्सव समिति शानदार कार्य कर रही है मैं अपने को गौरवशाली समझता हूं कि वी सी दरवान सिंह नेगी के लंदन के स्मारक के बाद मुझे इंडिया गेट दिल्ली, दरवानसिंह संग्रहालय लैंसडाउन ,वार मेमोरियल राजकीय इंटर कॉलेज कर्ण प्रयाग तथा वी सी दरवान सिंह नेगी मैदान कफारतीर खैतौली खाल आदि में अनेक बार श्रद्धा सुमन चढ़ाने का अवसर प्राप्त हुआ हमें अपने आसपास के महापुरुषों की जीवन गाथा और शौर्य और सेवाओं की जानकारी को लोगों तक पहुंचाने में सहायक होना चाहिए यह भी संयोग है कि शौर्य यात्रा में अपने सहपाठी कर्नल डी एस वर्तवाल के साथ काम करने से मुझे भी असैनिक होने के बावजूद कर्नल नौटियाल लोग कड़ाकोट क्षेत्र में कहने लगे हैं कर्ण प्रयाग और कफारतीर के कार्यक्रमों का लाभ यह मिला कि राज्य व केन्द्र सरकारों के साथ ही सारी दुनिया का ध्यान वी सी साहब की ओर गया है इस क्षेत्र में विकास की अनेक योजनाओं पर कार्य हो रहा है अनेक योजनाओं पर विचार चल रहा है उत्तराखंड विधानसभा भराड़ीसैंण में अनेक बार वी सी साहब के चित्र पर अध्यक्ष विधानसभा , मुख्यमंत्री आदि पुष्पांजलि चढ़ा चुके हैंभारतीय संसद के इतिहास में पहली बार रेलवे बजट पर चर्चा के दौरान लोकसभा में गढ़वाल के सदस्य श्री अनिल बलूनी ने वी सी दरवान सिंह नेगी की शौर्य गाथा एवं गढ़वाल में वार मेमोरियल रेल लाइन व स्कूल के बहाने विकास और शिक्षा की आजादी दिलाने की कहानी को देश व दुनिया तक पहुंचाया,राज्य सरकार पाठ्यक्रम में वी सी साहब की शौर्य गाथा को शामिल कर चुकी है जन्म दिवस, पुण्य तिथि पर मुख्यमंत्री एवं प्रदेश अध्यक्ष भाजपा आदि भी श्रद्धांजलि संदेश जारी कर रहे हैं वी सी साहब के शौर्य त्याग से हमें आजादी शिक्षा और विकास की आजादी के साथ आगे बढ़कर उन्नति करने का मौका मिला पुनः वी सी दरवान सिंह नेगी जी के जन्मदिन पर श्रद्धांजलि
✍️एडवोकेट भुवन नौटियाल
