चित्र साभार शोशल मीडिया से
जनरल नरवने की जिस किताब पर इतना विवाद हो रहा है…वो 2020 के भारत और चीन के बीच हुए गलवान मे हुई झड़प के बाद “Operation Snow Leopard” पर लिखी हुई किताब है…क्या था ये ऑपरेशन….
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* इसे समझने के लिए पहले ये समझिए की भारत और चीन के बीच LoC नहीं है…बल्कि LAC है…LoC का मतलब होता है…एक बॉर्डर जिसके उस तरफ एक देश और दूसरी तरफ दूसरा देश…जैसे भारत-पाकिस्तान…या भारत-बांग्लादेश……….चीन के साथ ऐसा नहीं है….दोनों के बॉर्डर अलग अलग हैं….और बीच मे कुछ km चौड़ा गलियारा है…जिसमें दोनों देशों की सेनाए गश्त करती हैं….जैसे गली के इस तरफ मेरा घर…सामने किसी और का…लेकिन गली मे आने जाने पर किसी को रोक नहीं है.
* अप्रैल-मई 2020 मे चीन ने Galwan मे LAC की कुछ चोटियों जैसे पेंगोंग. .त्से. ..गलवान और देपसांग पर कब्ज़ा किया और अपने सैनिक बढ़ाने शुरू किए….जिसके ज़वाब मे भारतीय सेना ने भी अपने सैनिक बढाए.
* 15 जून 2020 को दोनों तरफ के सैनिकों के बीच हिंसक झड़प हुई जिसमें 20 भारतीय और लगभग 50 चीनी सैनिक शहीद हुए….हालांकि चीन ने कभी अपने सैनिकों की संख्या नहीं बताई.
* इसके बाद दोनों तरफ से भरी सैन्य तैनात हुई….टैंक…तोपें और मिसाइल सिस्टम ब्रह्मोस तक कि तैनाती हुई…साथ मे बातचीत भी चलती रही.
* अगस्त के महीने में चीन ने फिर से हेलमेट टॉप और फिंगर 4 के इलाके पर कब्जे की कोशिश की….जिसके बाद भारतीय सेना ने “Operation Snow Leopard” शुरू किया….और लेफ्टिनेंट जनरल सवनीत सिंह के नेतृत्व मे कैलाश रेंज की.कई पहाडियों पर कब्ज़ा कर लिया…..ये पूरा Operation पुरु तैयारी और सरकार की सहमति से किया गया था.
* चीन ने इसकी उम्मीद नहीं की थी और जवाबी कार्रवाई मे अपने टैंक आगे कर दिए…जिसकी जानकारी जनरल नरवने को दी गई….जिन्होंने निर्णय लेने की बजाए जिम्मेदारी सरकार पर डालने की कोशिश की….जिसके ज़वाब मे सरकार ने उन्हें “जो उचित हो वो करने का आदेश दिया”…
…….हालांकि बाद मे कोई झड़प नहीं हुई और सबकुछ बातचीत से निपट गया….दोनों सेनाए पीछे हट गईं….लेकिन सेना जब कोई Operation शुरू करती है…तो उसकी पूरी तैयारी होती है….किसी एक्शन के बाद सामने से क्या रिएक्शन आएगा और उसका सामना कैसे किया जाएगा…ये सब पहले से तय होता है…
……इसलिए ये कहना की सरकार ने जिम्मेदारी नहीं निभाई….बिल्कुल बचकानी बात है….क्यूंकि कोई भी Operation सरकार की अनुमति के बिना नहीं होता….बल्कि इस मामले मे सरकार को इस बात का श्रेय देना चाहिए….कि उसने सेना को उसकी समझ के हिसाब से कार्रवाई करने की छुट दी….
जय भारत 🇮🇳🚩
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(वैसे जब राहुल गांधी ने जब एक अप्रकाशित पुस्तक पर संसद का समय बर्बाद करना चहा तो भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने गांधी खानदान को अनावृत करने वाले पुस्तकों का गठर संदन में प्रस्तुत कर दिया इससे गांधी खानदान की खासी किरकिरी हो रही है)
बुद्धि पर पड़ा परदा जब आतंक बन जाए, तो दृश्य कुछ ऐसा ही होता है…
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव और प्रह्लाद जोशी मीडिया से बातचीत कर रहे थे। सवाल-जवाब का सिलसिला जारी था, कैमरे ऑन थे, बयान रिकॉर्ड हो रहे थे। तभी अचानक राहुल गांधी वहां आ पहुंचे।
उन्होंने सहज भाव से कहा— “आइए, साथ मिलकर मीडिया से बात करते हैं।”
इतना सुनते ही दोनों मंत्री बिना एक पल गंवाए वहां से हट गए। चाल ऐसी तेज़ थी मानो रुकना विकल्प ही न हो।
ऊपरी तौर पर यह दृश्य कई लोगों को अजीब लगा होगा, लेकिन मुझे उसी क्षण तीन कहावतें याद आ गईं— दो अंग्रेज़ी की और एक हिंदी की। और सच कहूँ तो उस पूरे घटनाक्रम में उन कहावतों की झलक साफ दिखाई दी।
पहली कहावत कहती है—
“कभी भी ऐसे व्यक्ति से बहस मत करो जो तर्क से अधिक शोर में विश्वास रखता हो। वह आपको अपने स्तर तक खींच लाएगा और फिर उसी मैदान में मात देने की कोशिश करेगा।”
मतलब साफ है— जब सामने संवाद नहीं, केवल विवाद की इच्छा हो, तो जीत का अर्थ भी बदल जाता है।
दूसरी उक्ति और भी चित्रात्मक है—
“सूअर के साथ कीचड़ में उतरकर कुश्ती मत लड़ो; आप भी गंदे होंगे और उसे तो यही खेल पसंद है।”
अर्थात कुछ टकराव ऐसे होते हैं जिनमें उतरना ही पराजय की शुरुआत है, क्योंकि मैदान ही गंदगी से भरा होता है।
तीसरी सीख भारतीय चिंतन से जुड़ी है—
“मूर्ख से उलझना वैसा है जैसे चेहरे पर बैठे मच्छर को ज़ोरदार थप्पड़ से मारना— मच्छर मरे या न मरे, चोट अपने गाल पर ही पड़ती है।”
संदेश स्पष्ट है— हर प्रतिक्रिया समझदारी नहीं होती, कई बार संयम ही सबसे बड़ा उत्तर होता है।
राजनीति में शब्दों की जंग नई नहीं है। लेकिन हर चुनौती का जवाब बहस से ही दिया जाए, यह भी आवश्यक नहीं। कभी-कभी मौन, मुस्कान और दूरी— यही सबसे प्रभावी रणनीति होती है।
क्योंकि हर मंच संवाद के लिए नहीं होता, कुछ मंच केवल प्रदर्शन के लिए भी सजाए जाते हैं। और बुद्धिमान वही है जो तय करे कि उसे संवाद करना है या सिर्फ दृश्य का हिस्सा बनना है।
जब 2024 के आम चुनाव की घोषणा हुई तभी कांग्रेस को ओर इंडी गठबंधन को लग गया था कि बीजेपी इस चुनाव मैं राम मंदिर के मुद्दे पर विश्वास हासिल करके खुद के दम पर बहुमत हासिल करके इतिहास बना देगी और,
नरेंद्र भाई तीसरी बार बहुमत हासिल करके कीर्तिमान रच देंगे क्यों कि राहुल गांधी को पता था और समझ भी आ चुका था कि हिन्दू एक हो रहा है और हिन्दू सिवाय मोदी के किसी ओर को वोट नहीं देगा,
फिर इस इंडी गठबंधन द्वारा हिंदू वोटों को काटने के लिए ओर देश मैं एक भ्रम की स्थिति पैदा करने के लिए पहले जाति,फिर भाषा के नाम पर वोट काटने की कोशिश की,
लेकिन जब इस मुद्दों पर हिंदू को कोई फर्क नहीं पड़ा तो एक ऐसा मुद्दा तैयार किया जिससे बीजेपी के खिलाफ एक झूठ प्रचारित हो गया ओर बीजेपी भी उस झूठ को सही साबित करने मैं बिल्कुल असमर्थ रही,
जो था संविधान बदलने का झूठ,
ये कांग्रेस ओर विपक्षी पार्टियों द्वारा फैलाया गया ऐसा झूठ था जिसकी कोई आधार तो नहीं था लेकिन फिर भी हमारी देश की जनता ने इस झूठ को सच मान लिया,
बीजेपी को लगा कि हमें ऐसे झूठ से कोई फर्क नहीं पड़ेगा और इसी आत्मविश्वास की वजह से बीजेपी को भारी नुकसान हुआ क्यों कि नरेंद्र मोदी ने हमारे देश के हिंदू पर आंख बंद करके भरोसा किया,क्यों कि उन्हें लगा कि प्रभु श्री राम का 500 वर्ष बाद मंदिर हमने दिया तो हिन्दू हमारे साथ ही होगा,
लेकिन ये उनकी सबसे बड़ी गलती थी क्यों कि हमारे देश के कुछ हिंदू को ना मंदिर से मतलब है ना धर्म से ना आने वाले वक्त मैं हिंदु की क्या दशा होगी इससे,
क्यों कि वो सिर्फ खुद के बारे मैं सोचना जानते है उन्हें इस बात से मतलब नहीं कि आप सड़क अच्छी दे रहे ,पानी की व्यवस्था दे रहे , उच्च शिक्षा की बात कर रहे है उन्हें सिर्फ मतलब है खुद की जाति वाद से ओर खुद के आरक्षण से,
बस इसी बात का फायदा उठा कर विपक्षी पार्टी की ताकत बड़ी ओर हमारे देश के विपक्ष के नेता की जगह ऐसे इंसान को बैठा दिया जिसे ना देश के मुद्दों से कोई लेना देना है न देश की सीमा सुरक्षा से ना देश की प्रगति से,
उसे मतलब है देश को बदनाम करने में,देश की सुरक्षा की जानकारी दुश्मन देशों को देने मैं ,भारत के बढ़ते दुनिया में वर्चस्व को कम करने मैं, भारत की आर्थिक प्रगति को झूठ बताने मैं,
इस “अबोध बालक” को ना शिष्टाचार की समझ है ,ना व्यवहारिकता की ना संविधान के द्वारा बनाए गए नियमों की,
क्यों कि उसे लगता है कि देश मेरे परिवार की जागीर हे और देश चलाने का हक सिर्फ मेरे परिवार को है,
लेकिन डेढ़ साल मैं राहुल गांडी की घटिया मानसिकता और हरकतों की देश दुनिया ने बिलकुल अच्छी तरह समझ गए है राहुल की मंशा और साजिशों से परिचित हो चुके है,
इसलिए 2024 के आम चुनाव के बाद कांग्रेस का अस्तित्व धीरे धीरे समाप्त कर रही है देश की जनता पहले महाराष्ट्र विधानसभा,फिर हरियाणा,फिर दिल्ली ओर उसके बाद बिहार देश की जनता ने जो गलती 2024 मैं की वो अब सुधार रही है,
बस इन्हीं हार की खीज राहुल गांधी के चरित्र मैं देखी जा सकती है किस प्रकार मोदी को बदनाम करने के लिए हर दिन नया षड्यंत्र हर दिन एक नया विवाद खड़ा करता है,
पिछली बार यदि लोकसभा चुनावों के समय राहुल गांधी खटाखट खटाखट 8500 घूस आफर नहीं करता तो 44 की जगह 04 आते न कि 99 उस बार गलती से 99 सीट तक पहुंच पाया था?
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संसद में राहुल का मार्शल आर्ट : कुछ लोग कहते हैं भाजपा सरकार को कमाल का विपक्ष मिला है। लेकिन थोड़ा इसा होमवर्क देखोगे तो आश्चर्यचकित रह जाओगे। पिछले बाहर वर्षों से कांग्रेस गठबंधन किसी न किसी बहाने संसद में हंगामा काट कर फर्जी नरेटिव चला कर संसद का समय खा जाती है। फलस्वरूप भाजपा नये कानून नहीं बना पाती है। जनसंख्या नियंत्रण कानून गुरूकुल व्यवस्था की पुनर्स्थापना, और गो हत्या बंद करने का कानून समान नागरिक संहिता कानून, ला पाती है और न योग्य लोंगों को वंचित और प्रतिबंधित करने का सरकारी दमनात्मक षड्यंत्र आरक्षण जैसा विनाशकारी कानून निरस्त कर पाती है।
इससे कांग्रेस को लाभ ये होता है कि सरकार भले भाजपा की है लेकिन सिस्टम कांग्रेस का ही बना हुआ है।
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी लगातार असंवैधानिक शब्दों का प्रयोग करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ न केवल बयानबाज़ी कर रहे हैं, बल्कि हाल ही में अमेरिका के साथ हुए ट्रेड डील को लेकर भी झूठ फैला रहे हैं। इस पर अब भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी की संसदीय सदस्यता समाप्त करने और उन्हें उम्रभर चुनाव लड़ने से रोकने की मांग को लेकर एक ‘सबस्टैंटिव मोशन’ पेश किया है।
🚩 *~ सनातन पंचांग ~* 🚩
🌤️ *दिनांक – 13 फरवरी 2026*
🌤️ *दिन – शुक्रवार*
🌤️ *विक्रम संवत 2082*
🌤️ *शक संवत -1947*
🌤️ *अयन – उत्तरायण*
🌤️ *ऋतु – शिशिर ॠतु*
🌤️ *मास – फाल्गुन ( गुजरात-महाराष्ट्र -माघ )*
🌤️ *पक्ष – कृष्ण*
🌤️ *तिथि – एकादशी दोपहर 02:25 तक तत्पश्चात द्वादशी*
🌤️ *नक्षत्र – मूल शाम 04:12 तक तत्पश्चात पूर्वाषाढा*
🌤️ *योग – वज्र 14 फरवरी रात्रि 03:23 तक तत्पश्चात सिद्धि*
🌤️*राहुकाल – सुबह 11:27 से दोपहर 12:53 तक*
🌤️ *सूर्योदय – 07:11*
🌤️ *सूर्यास्त – 06:34*
👉 *दिशाशूल – पश्चिम दिशा मे*
🚩 *व्रत पर्व विवरण- विजया एकादशी,विष्णुपदी कुंभ -संक्रांति (पुण्यकाल: सूर्योदय से दोपहर 12:41 तक)*
💥 *विशेष – हर एकादशी को श्री विष्णु सहस्रनाम का पाठ करने से घर में सुख शांति बनी रहती है l राम रामेति रामेति । रमे रामे मनोरमे ।। सहस्त्र नाम त तुल्यं । राम नाम वरानने ।।*
💥 *आज एकादशी के दिन इस मंत्र के पाठ से विष्णु सहस्रनाम के जप के समान पुण्य प्राप्त होता है l*
💥 *एकादशी के दिन बाल नहीं कटवाने चाहिए।*
💥 *एकादशी को चावल व साबूदाना खाना वर्जित है | एकादशी को शिम्बी (सेम) ना खाएं अन्यथा पुत्र का नाश होता है।*
💥 *जो दोनों पक्षों की एकादशियों को आँवले के रस का प्रयोग कर स्नान करते हैं, उनके पाप नष्ट हो जाते हैं।*
🚩~*सनातन पंचांग* ~🚩
🌷 *विजया एकादशी* 🌷
➡️ *13 फरवरी 2026 शुक्रवार को विजया एकादशी है।*
👉🏻 *विजया एकादशी का व्रत करनेवाले को इस लोक में विजयप्राप्ति होती है और परलोक भी अक्षय बना रहता है।*
🙏🏻 *कर्मयोग दैनंदिन 2025 से*
🚩~*सनातन पंचांग* ~🚩
🌷 *शनिप्रदोष व्रत* 🌷
🙏🏻 *हिंदू पंचांग के अनुसार, प्रत्येक महिने की दोनों पक्षों की त्रयोदशी तिथि पर प्रदोष व्रत किया जाता है। ये व्रत भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए किया जाता है। इस बार 14 फरवरी, शनिवार को शनिप्रदोष व्रत है। इस दिन भगवान शिव की विशेष पूजा की जाती है।*
🚩~*सनातन पंचांग* ~🚩
🌷 *’मातृ–पितृ पूजन दिवस’ ज्योतिष की दृष्टि से*
🙏🏻 *अपने माता पिता का आदर करते और वेलेंटाईन डे का कचरा दिमाग में न रखें …..कि ये लोग मानते हैं तो हम भी मनाये… नहीं !! अपने माता पिता का पूजन करें…. बापूजी ने सहज में ऐसी सुन्दर सीख दी । हर साल जो 14 फरवरी को वेलेंटाईन डे मनाते हैं न ….मूर्ख लोग…. पर*
🙏🏻 *14 फरवरी के दिन अधिकांशतः सूर्य भगवान कुम्भ राशि पे होतें है । बिलकुल कोई पंडित इसको नकार नहीं सकता, लगभग अधिकांश 14 फरवरी को सूर्य भगवान कुम्भ राशि पे होतें हैं और कुम्भ राशि के स्वामी कौन हैं ? शनि देव । कुम्भ राशि के स्वामी शनि, शनि देव सूर्य भगवान के बेटे हैं । तो वो अपने पिता का खूब आदर करते और पिता की परिक्रमा करते हैं । तो जो 14 फरवरी के दिन वेलेंटाईन डे मनाते हैं न उनपे सूर्य भगवान और शनि देव दोनों नाराज़ होतें है भयंकर और 14 फरवरी के दिन बापूजी के कहे अनुसार जो माता पिता का पूजन करते हैं उनपे सूर्य भगवान और शनि देव दोनों खुश होते हैं …. क्यो कि उस दिन शनि देवता भी सूर्य भगवान की पूजा करते हैं और सूर्य भगवान की परिक्रमा करते हैं ।*
🙏🏻 *- Shri Sureshanandji Surat 26th Dec’ 2012*
🌷 *~ सनातन पंचांग ~* 🚩
🙏🏻🌷💐🌸🌼🌹🍀🌺💐🙏🏻
🐐🐂💏💮🐅👩
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मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)
आपके आज के दिन का अधिकांश समय शुभ कर्मों में व्यतीत होगा। आध्यात्म में आज खुल कर रुचि लेंगे दान-पुण्य पर खर्च भी करेंगे। लेकिन घरेलू खर्चो को लेकर संकीर्णता दिखाना भारी पड़ सकता है। कार्य व्यवसाय में सामान्य गति रहेगी धन लाभ रुक रुक कर होता रहेगा फिर भी मन को संतुष्ट करना आज मुश्किल ही रहेगा। महिला मित्रो से समीपता का अहसास होगा लेकिन आने वाले समय मे नई मुसीबत भी खड़ी होगी। संध्या का समय थकान वाला परन्तु अधिक शान्तिप्रद रहेगा। पारिवारिक वातावरण अपने हंसमुख व्यवहार से उल्लासित करेंगे लेकिन स्त्री वर्ग आज किसी ना किसी कारण नाराज ही रहेंगी।
वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)
आपको आज का दिन शांति एवं धैर्य रख बिताने की सलाह है। ना कुछ लोग भी आज आपकी उपेक्षा करेंगे जिससे स्वभाव दिन भर आवेश में रहेगा। घर एवं बाहर एक जैसा वातावरण रहेगा लोग आपकी बात सुनेगें लेकिन गंभीर नही लेंगे आर्थिक विषयो में भी टालमटोल करेंगे। व्यवसायिक क्षेत्र पर उदासीनता रहेगी बेमन से कार्य करने का नतीजा भी उसी अनुसार रहेगा। घर मे आकस्मिक खर्च नियंत्रण करने पर भी लगे रहेंगे धनाभाव के कारण छोटे मोटे खर्च भी परेशानी बढ़ाएंगे। सेहत की लापरवाही निकट भविष्य में गंभीर रूप ना ले इसका ध्यान रखें। पति-पत्नी में आपसी संवादहीनता के कारण गृहस्थ अस्त-व्यस्त रहेगा।
मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)
आज का दिन आपकी आशाओ के अनुरूप रहेगा। पूर्वनियोजित कार्यक्रम में किसी आकस्मिक कार्य की वजह से फेरबदल करना पड़ेगा। व्यावसायिक गतिविधिया आरम्भ में थोड़ी सुस्त रहेंगी परन्तु मध्यान के बाद इनमे गति आएगी आर्थिक लाभ होने से मानसिक शांति मिलेगी फिर भी निवेश सोच समझ कर ही करें। सरकारी कार्यो को करने के लिए भी आज का दिन शुभ है बिना किसी की सहायता के पूर्ण कर सकेंगे। पैतृक सम्पति संबंधित मामलों को लेकर दुविधा होगी भाग-दौड़ भी करनी पड़ेगी। महिलाये आज स्वप्न लोक की सैर करेंगी जिससे घर मे थोड़ी अव्यवस्था रहेगी।
कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)
आज का दिन धन धान्य में वृद्धि कराएगा खर्च भी आवश्यकता अनुसार रहने पर बचत भी कर सकेंगे। व्यावसायिक क्षेत्र पर आज आप नए प्रयोग करेंगे लेकिन इसका फल शीघ्र नही मिल सकेगा। मध्यान तक आलस्य एवं परिश्रम मिला जुला रहने से आशाजनक परिणाम नही मिलेंगे लेकिन इसके बाद व्यवसाय में आकस्मिक वृद्धि होने से धन आगम शुरू हों जायेगा जोकि संध्या पश्चात तक रुक-रुक कर होता रहेगा। आवश्यकता पड़ने पर किसी की मदद बिन मांगे ही मिल जाएगी। महिलाये आज बुद्धि विवेक का परिचय देंगी बिखरे रिश्तो को एक जुट बनाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। सेहत सामान्य बनी रहेगी।
सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)
आज के दिन आप आवश्यकता से अधिक दिमाग लगाएंगे इसका परिणाम विपरीत ही रहने वाला है। हर किसी को शंका की दृष्टि से देखना व्यवहारिकता में कमी लाएगा। सेहत भी अकस्मात बिगड़ेगी वायु विकार अथवा अन्य गैस संबंधित समस्या छाती में जलन से परेशानी होगी। आर्थिक मामलों में जल्दबाजी नुकसान कराएगी धैर्य से कार्य करें कार्य क्षेत्र पर बुद्धि विवेक से कार्य करने पर भी कोई विशेष लाभ नही होगा केवल आश्वासन से ही काम चलाना पड़ेगा। सरकार विरोधी अनैतिक कार्य सम्मान हानि करा सकते है। संध्या के आसपास धन लाभ होगा। महिलाओ का दिमाग पढ़ना मुश्किल रहेगा।
कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)
आज का दिन आपके लिए अशांति से भरा रहेगा। आज जिस भी कार्य को करने का मन बनाएंगे उसमे कुछ ना कुछ व्यवधान अवश्य आएगा। आर्थिक लेन देन में स्पष्टता ना रहने से किसी से झगड़ा हो सकता है। पूर्व नियोजित कार्य जिनसे लाभ की उम्मीद थी वह भी निरस्त होने अथवा अन्य कारण से क्षति ही कराएंगे। मध्यान के समय व्यावसायिक एवं घरेलू कार्यो में किसी की सहायता की आवश्यकता पड़ेगी जो कि आशानुकूल नही मिलेगी। खर्च चलाने के लिए उधार भी लेना पड़ सकता है। महिलाये आज पारिवारिक वातावरण को लेकर ज्यादा परेशान रहेंगी।
तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)
आज आप जिस भी कार्य को करेंगे उसके आरम्भ में दुविधा की स्थिति बनेगी बीच मे छोड़ने का मन भी बना सकते है लेकिन एकाग्र होकर लगे रहें तो निश्चित सफलता मिल सकती है। व्यवसाय में बेजीझक होकर निर्णय लें आज का दिन आपके पक्ष में है। नए कार्यो में भी निवेश कर सकते है लेकिन अनुभवियों की सलाह अवश्य लें। कुछ दिनों से चल रही पारिवारिक उलझन सुलझने से मानसिक राहत मिलेगी संबंधों में पड़ी दरार भरेगी। अविवाहितो को विवाह के प्रस्ताव आएंगे लेकिन जल्दबाजी ना करें आगे परिणाम खराब भी हो सकते है। महिलाओ का स्वभाव चंचल रहेगा।
वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)
आज का दिन कई कार्यो में लापरवाही दिखाने के बाद भी संतोषजनक रहेगा। दिन का आरंभ आलस्य से होगा दिनचर्या का इसपर प्रभाव पड़ेगा। सभी कार्य आज लगभग विलंब से ही शुरू होंगे। मध्यान के बाद स्थिति सामान्य होने लगेगी फिर भी धन की प्राप्ति आशानुकूल नही रहेगी। व्यवसाय में मंदी के कारण कार्य क्षेत्र पर मन कम ही लगेगा। पारिवारिक वातावरण में खुशी एवं नाराजगी का मिश्रण बना रहेगा फिर भी स्थिति सामान्य ही रहेगी। संध्या के समय किसी समारोह में उपस्थिति देंगे उत्तम भोजन वाहन सुख मिलेगा। महिलाये मन ही मन गुप्त युक्तियां बनाएंगी।
धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)
आज का दिन आपकी उम्मीदों पर खरा उतरेगा। आपको आज आकस्मिक लाभ के साथ ही सामाजिक क्षेत्र से उत्कृष्ट सेवा के लिए सम्मान भी मिलेगा। कार्य क्षेत्र पर भी अधिकारी वर्ग एवं परिवार में बुजुर्ग कृपा दृष्टि बनाये रखेंगे। सामाजिक जीवन धनवानों जैसा व्यतीत करेंगे थोड़ा दिखावा भी करना पड़ेगा धन खर्च आवश्यकता से अधिक होगा फिर भी अखरेगा नही। व्यवसायी वर्ग आज आंख बंद करके भी निवेश कर सकते है लाभप्रद ही रहेगा। मित्र रिश्तेदारों के साथ आनंद के क्षण व्यतीत करेंगे शुभ समाचार एवं उपहार का आदान प्रदान करेंगे। पारिवारिक स्थिती संतोषजनक रहेगी।
मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)
आपके लिए आज का दिन अशुभ फलदायी रहेगा। व्यवसाय एवं पारिवारिक उलझनों के कारण शारीरिक एवं मानसिक स्थिति असंतुलित रहेगी। कार्य क्षेत्र पर आज किसी की सहायता के बिना कार्य करना कठिन होगा। आर्थिक कारणों से भी किसी खास व्यक्ति की खुशामद करनी पड़ेगी फिर भी आशानुकूल परिणाम नही मिलने से मन मे नकारात्मक एवं अनैतिक कार्य करने के भाव आएंगे। आर्थिक स्थिति धीरे धीरे गिरने से व्यक्तिगत खर्च चलाना भारी पड़ेगा। उधारी वालो के कारण अतिरिक्त परेशानी होगी। महिलाये इच्छा पूर्ति ना होने पर किसी कार्य को जान कर बिगाड़ सकती है।
कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)
आज के दिन आपको घर एवं बाहर मान-सम्मान में वृद्धि कराएगा पारिवारिक सदस्यों की भी इसमें महत्त्वपूर्ण भूमिका रहेगी। कार्य क्षेत्र पर भी आप निसंकोच निर्णय ले सकेंगे इनमे सफलता भी शत प्रतिशत मिलेगी। सुख के साधनों में वृद्धि करने पर खर्च होगा महंगे सामानों की खरीददारी से घरेलू बजट बिगड़ेगा फिर भी आर्थिक लाभ होते रहने से स्थिति संभाल लेंगे। महिलाये घरेलू अव्यवस्था को सुधारने में व्यस्त एवं चिंतित रहेंगी अधिक कार्य करने पर स्वास्थ्य खराब होगा। आज किसी को बेमन से उधार देना पड़ सकता है जिसकी वसूली में परेशानी आएगी सोच कर ही निर्णय लें।
मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)
आज का दिन लाभदायक रहेगा प्रातः काल से ही धन लाभ की संभावनाएं लगी रहेंगी इनके पूर्ण होने में दोपहर तक इंतजार करना पड़ेगा। व्यवसायी वर्ग आज अनिश्चितता के दौर से गुजरेंगे फिर भी आकस्मिक लाभ होने से आर्थिक स्थिति बेहतर बनी रहेगी। नए व्यवसाय का आरंभ अभी टालना ही बेहतर रहेगा। अंदरूनी पारिवारिक निर्णय लेने में असहजता अनुभव करेंगे। किसी महत्त्वपूर्ण कार्य को लेकर पल पल में निर्णय बदलेंगे। आध्यात्म में रुचि रहेगी लेकिन समय नही दे पाएंगे। मन में विरक्ति की भावना भी जाग्रत होगी। मोह माया से मन भंग होगा। महिलाये अंतर्मन से सहयोग करेंगी लेकिन अपनी भावनाओं का प्रदर्शन नही करेंगी।
