श्री बद्रीनाथ धाम के कपाट खुलने के समय मुख्य रावल ईश्वरप्रसाद नंबूदरी के पहुँचने को लेकर संशय हुआ समाप्त हो गया है। भगवान बद्री बिशाल के रावल केरल से उत्तराखंड के लिये प्रस्थान कर चुके है। बद्रीनाथ धाम के कपाट 30 अप्रैल को सुबह 4.30 पर सादगी के साथ विधि विधान से खुल जायेगे। इसी के साथ श्री बद्रीनारायण के कपाट खुलने के समय मुख्य रावल श्री ईश्वरीप्रसाद नंबूदरी जी के आने को लेकर संशय के बादल छंट गये हैं श्री रावल जी केरल से उत्तराखंड के लिये प्रस्थान कर चुके हैं 30 अप्रैल को ब्रह्ममुर्त के समय सादगी के साथ विधि विधान से खुल जायेगें
वहीं भगवान केदारनाथ के कपाट भी अपनी निश्चित तिथि २९ अप्रैल २०२० खुलने हैं नांदेड स्थित केदारनाथ के रावल लिंगायत भीमाशंकर जी से दूरभाष पर हुई बातचीत के अनुसार सरकार द्वारा उन्हें यथासंभव उखीमठ पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं। उत्तराखंड के पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने भी पुष्टि करते हुए जानकारी दी कि चारों धामों के कपाट विधि विधान से खुलें इसके लिए रालव निश्चित रूप से यथा समय नियमानुसार पंहुचेंगे।