अयोध्या के राम जन्मभूमि मंदिर के तीसरे तल पर स्थित गर्भगृह में 19 मार्च को ‘श्री राम यंत्र’ की विधिवत स्थापना की जाएगी। यह कार्यक्रम भारत की राष्ट्रपति की उपस्थिति में संपन्न होगा। इस आयोजन के लिए नौ दिवसीय वैदिक अनुष्ठान लक्ष्मण किला से कलश यात्रा के साथ शुरू हो चुके हैं।
इस अनुष्ठान को संपन्न कराने के लिए देश भर से 51 वैदिक विद्वानों को विशेष रूप से बुलाया गया है। राम मंदिर ट्रस्ट के अनुसार, पिछले दो वर्षों से यह यंत्र मंदिर परिसर में सुरक्षित रखा गया था और इसकी प्रतिदिन पूजा की जा रही थी।
इस कार्यक्रम में 300 संत-महात्मा और आध्यात्मिक गुरु माता अमृतानंदमयी अपने 1200 अनुयायियों के साथ हिस्सा लेंगी। इसके अलावा, मंदिर निर्माण में सहयोग देने वाले 1800 श्रमिकों, 300 एजेंसियों और 3500 कार्यकर्ताओं को भी आमंत्रित किया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या पहुंचकर तैयारियों की समीक्षा की है। देश भर के लोगों के लिए दूरदर्शन पर इस पूरे कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया जाएगा।
